Competition Community

CGPSC Mains Study material: Set-3

admin CGPSC Mains Study Material , , , , , , ,

छ.ग. सामान्य अध्ययन/प्रश्न पत्र-3, (भाग-3)

प्रश्न: महापाषाणीय स्तंभ को समझाइए। (शब्द सीमा 30)

उत्तर:

पाषाण युग के पश्चात ताम्र और लौह युग आता है। दक्षिण कोसल क्षेत्र में इस काल की सामग्री का अभाव है। लौह युग में शव को गाड़ने के लिए बड़े-बड़े शिलाखंडो का प्रयोग किया जाता था। इसे ही महापाषाण स्मारक या महापाषाण पटुतुम्भ (डॉलमेन) कहा जाता है। दुर्ग जिले के धनोरा नामक ग्राम में लगभग 500 महापाषाणीय स्मारक (कब्र) प्राप्त हुए हैं, जिसका व्यापक सर्वेक्षण प्रोफेसर जे.आर. काम्बले एवं डॉ रमेंद्रनाथ मिश्र ने सर्वप्रथम किया था।

CGPSC Mains Test Series 2020 & Downloadable Test Papers

Read More

पर्यावरण/प्रश्न पत्र-4, (भाग-3)

प्रश्न: टिप्पणी करे: (शब्द सीमा 25)

A) पर्यावरण लेखांकन B) हरित सूचकांक C) ग्रीन जी.एन.पी

उत्तर:

A) पर्यावरण लेखांकन: पर्यावरण लेखांकन को हरित लेखांकन भी कहते हैं।यह पर्यावरण / प्राकृतिक संसाधनों की खपत को मापने के लिए एक विधि है।

हरित लेखांकन में हम उन संपत्तियों को शामिल करते हैं जो प्रदूषण तथा अपशिष्ट के लिए सिंक का काम करती हैं तथा जीवन के लिए सहायक होती हैं। अर्थात हम इनमें हरित जी डी पी या पोषण आधारित जी डी पी की बात करते हैं।

पीयर्स एंड वार्फोर्ड ने सबसे पहले पर्यावरण लेखांकन की विधि विकसित की जिसके अनुसार सम्पूर्ण पूंजी संपत्ति के अंतर्गत मानवीय पूंजी तथा पर्यावरण पूंजी को सम्मलित किया जाता है। यह एक संगठन को उसकी आपूर्ति श्रृंखला से सुविधाओं के विस्तार तक प्रत्येक चरण में पारिस्थितिक रूप से संधारणीय पद्धतियों के प्रभावों के आकलन का प्रावधान करता है।

उदाहरण: पर्यावरणीय लेखांकन का एक क्रियाशील उदाहरण क्योटो प्रोटोकॉल है जो कार्बन उत्सर्जन का मापन करता है।

B) हरित सूचकांक: विश्व बैंक के पर्यावरण पोषक विकास खंड ने देश की संपत्ति के आकलन में एक नया सूचकांक विकसित किया है जिसे हरित सूचकांक कहा जाता है। इसके अंतर्गत इसके प्रत्येक तीन अंगो (1) उत्पादित संपत्ति (2) प्राकृतिक सम्पदा तथा (3) मानव संसाधन को अलग अलग मूल्य प्रदान किया जाता है तथा इसके आधार पर प्रत्येक देश की प्रति व्यक्ति आय ज्ञात की जाती है।

C) ग्रीन जी.एन.पी: यह निश्चित अवधि में प्रतिव्यक्ति उत्पादित्त सम्पदा की वह मात्रा है जिसे देश की प्राकृतिक सम्पदा को स्थिर रखते हुए प्राप्त किया जा सकता है। इसका मूल्यांकन प्रत्येक 10 वर्ष बाद होता है।

CGPSC Mobile Course

समाजशास्त्र/प्रश्न पत्र-6, (भाग-2)

प्रश्न: साक्षात्कार की विशेषताएं। (शब्द सीमा 60)

उत्तर:

विभिन्न परिभाषाओं के आधार पर साक्षात्कार की निम्न विशेषताएं प्रकट होती है :

  1. साक्षात्कार एक सामाजिक प्रक्रिया है।
  2. यह एक मनोवैज्ञानिक प्रक्रिया भी है।
  3. साक्षात्कार के लिए दो या दो से अधिक व्यक्तियों का होना आवश्यक है जो परस्पर सम्पर्क, वार्तालाप एवं अन्तः क्रिया करते हैं।
  4. साक्षात्कार एक उद्देश्यपूर्ण वार्तालाप है।
  5. इन व्यक्तियों में एक साक्षात्कार लेने वाला होता है और दूसरा उत्तरदाता।
  6. साक्षात्कार में दोनों पक्षों के बीच आमने-सामने के और प्राथमिक सम्बन्ध स्थापित हो जाते है।
  7. साक्षात्कार में अनुसन्धानकर्ता द्वारा अध्ययन विषय से सम्बन्धित सूचनाओं एवं तथ्यों का संकलन किया जाता है।
  8. साक्षात्कार सूचना संकलन की एक मौखिक विधि है।

भाषा (हिन्दी)/प्रश्न पत्र-1, (भाग-1)

You May Also Like..

CGPSC Mains Study material: Set-7

अंतर्राष्ट्रीय संबंध/प्रश्न पत्र-7, (भाग-2) प्रश्न: “ब्लू वाटर क्षमता” का क्या अर्थ है? इस प्रसंग में भारतीय नौसेना की ब्लू वाटर […]

CGPSC Mains Study material: Set-6

समाजशास्त्र/प्रश्न पत्र-6, (भाग-2) प्रश्र: सभ्यता और संस्कृति में अंतर स्थापित करते हुए चर्चा करें- (शब्द सीमा 100) उत्तर: सभ्यता एवं […]

CGPSC Mains Study material: Set-5

छ.ग. का सामाजिक परिदृश्य/प्रश्न पत्र-6, (भाग-3) प्रश्र: घोटुल पाटा क्या है? (शब्द सीमा 30) उत्तर: घोटुल पाटा मुरिया जनजाति द्वारा […]

10 Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *